चक्र, नाड़ी और प्राणशक्ति का परिचय
चक्र, नाड़ी और प्राणशक्ति का परिचय
योग-परंपरा में मानव शरीर के सूक्ष्म ऊर्जा-तंत्र को चक्र, नाड़ी और प्राण के माध्यम से समझाया गया है। इड़ा, पिंगला और सुषुम्ना प्रमुख नाड़ियाँ मानी गई हैं। मूलाधार से सहस्रार तक सात प्रमुख चक्रों का वर्णन मिलता है। प्राणशक्ति शरीर और मन की विविध क्रियाओं को गति प्रदान करती है। इन विषयों को केवल चित्रों से नहीं, बल्कि योग्य मार्गदर्शन और साधना के संदर्भ में समझना चाहिए।
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योग-परंपरा में मानव शरीर के सूक्ष्म ऊर्जा-तंत्र को चक्र, नाड़ी और प्राण के माध्यम से समझाया गया है। इड़ा, पिंगला और सुषुम्ना प्रमुख नाड़ियाँ मानी गई हैं। मूलाधार से सहस्रार तक सात प्रमुख चक्रों का वर्णन मिलता है। प्राणशक्ति शरीर और मन की विविध क्रियाओं को गति प्रदान करती है। इन विषयों को केवल चित्रों से नहीं, बल्कि योग्य मार्गदर्शन और साधना के संदर्भ में समझना चाहिए।